virendra kumar dewangan 30 Mar 2023 आलेख अन्य black money 94404 0 Hindi :: हिंदी
कालाधन पर रोक लगाने के ध्येय से अगस्त 2018 में बेनामी लेनदेन (रोकथाम) अधिनियम संसद द्वारा पारित किया गया है। बेनामी लेनदेन उन सौदों को कहा जाता है, जांे संदिग्ध नाम से किए जाते हैं। इस लेनदेन में संपत्ति के मालिक को मालिकाना हक की सूचना नहीं रहा करती या लेनदेन में भुगतान करनेवाला पक्ष संपर्क में नहीं रहता। यह एक गंभीर किस्म का आर्थिक अपराध है, जो दो नंबरियों के लिए मुफीद है। इसमें बेईमान राजनेता, नौकरशाह, उद्योगपति और कारोबारी शामिल रहते हैं। इसके लिए केंद्र सरकार के द्वारा देश के सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में विषेष सत्र अदालतों को अधिसूचित किया गया है, जिनको बेनामी संपत्ति-संबंधी मामलों को 6 माह में निपटारा करना होगा। इस कानून की धारा 7 के तहत 7 साल तक के कठोर कारावास और संपत्ति के बाजार मूल्य के 25 फीसदी तक जुर्माने का प्रावधान है। --00- अनुरोध है कि लेखक के द्वारा वृहद पाकेट नावेल ‘पंचायत’ लिखा जा रहा है, जिसको गूगल क्रोम, प्ले स्टोर के माध्यम से writer.pocketnovel.com पर ‘‘पंचायत, veerendra kumar dewangan से सर्च कर और पाकेट नावेल के चेप्टरों को प्रतिदिन पढ़कर उपन्यास का आनंद उठाया जा सकता है तथा लाईक, कमेंट व शेयर किया जा सकता है। आपकी प्रतिक्रियाओं की प्रतीक्षा रहेगी।
लेखक-परिचय लेखक शासकीय सेवा से सेवान�...