[email protected]
Join Us:
Home
Category
कहानियाँ
कविताएँ
ग़ज़ल
गीत
शायरी
आलेख
महत्वपूर्ण सूचनाएँ
Topic
धार्मिक
राजनितिक
प्यार-महोब्बत
हास्य-व्यंग
बाल-साहित्य
समाजिक
देश-प्रेम
दुःखद
साहित्य लाइव सूचनाएँ
अन्य
Videos
Others
Search Articles
Latest Updates
Popular Articles
Testimonials
Video Tutorials
Winner List
How to publish articles
My Account
Login
Register New Account
Forgot Password
Login
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक
20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका
साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस
साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें
कविताएँ
Home
Category
कविताएँ
बच्चों के हाथो में किताब और कलम दीजिए
इन हाथों से मोबाइल को हटाकर , बच्चों के हाथों में किताब और कलम दीजिए ।
read more >>
पितरों का सम्मान करें
*कविता* *पितरों का सम्मान करें* पन्द्रह दिन के पितृपक्ष में पितर हमारे आते हैं देख हमें सम्पन्न सुखी वे वापस हो जाते हैं।। श्रद
read more >>
जरूरी तो नहीं
जरूरी तो नहीं। हर जाम को महफ़िल मिले, हर राही को मंज़िल मिले। हर कश्ती को किनारा मिले, खोया अवसर दुबारा मिले। जरूरी तो नहीं। हर नदी
read more >>
चटोरा मन
दूध कटोरा छोड़, कोल्ड ड्रिंक लेते लपक। चाय सुबह नहीं मिली, मानों धरती गई दरक। नशेबाज़ को नशा नहीं मिले, जाता हड़क। मद का प्याला दिख�
read more >>
विघ्नहर्ता की बिदाई
*कविता* *विघ्नहर्ता की बिदाई* चतुर्थी के दिन बप्पा को घर में लाए थे ढोल धमाके खूब बजे विघ्नहर्ता जब घर आये थे।। बप्पा के आने स�
read more >>
अब तुझे रोने न दूँगा।
अब तुझे रोने न दूँगा। छोड़ दे जग साथ तेरा दुर्दिनों में हाथ तेरा, दीन, निर्बल, बेसहारा मैं तुझे होने न दूँगा। अब तुझे रोने न दूँगा। र�
read more >>
⏰ नर हो! न,निराश रहो....🌄
नर हो! न, निराश रहो, मन से, ईक नया सबेरा आएगा! सृष्टी को दिप्त्त कर सूर्यवान, हर अंधकार मिट जाएगा!! त्तप्त्ति राहें संघर्षों �
read more >>
ज़ख्म का शोर..
**"ज़ख्म का शोर"** ये शहर के कोने, ये गलियों का अंधेरा, जहाँ इंसानियत रोज़ मरती है, बिखरता है बसेरा, बलात्कार की खबर, हत्या की दास्तान, र�
read more >>
नक्षत्रा
कधी चंद्राकडे पाहतो, कधी पाहतो तिला ती म्हणे काय मिळणार लीहिण्या करिता माझ्यात तुला . फारसे काही नाही तुझे केस छान आहे , कित्तेकांचे
read more >>
कलयुग के रंग
लगेगी कलयुग की फटकार, मचेगा जग में हाहाकार गाय, खूंटा तुड़वाकर भागेगी, निज पति संग रास नहीं, नारी पर पुरुष से नैन लड़ाएगी। औरों की �
read more >>
🇮🇳 उम्मिदों कि रौशनी... ✍️
ऊदय प्रत्ता: अधिन्स्त्त किरण ! और अस्त्त - व्यस्त्त मज़धारों में!! है! चम़क रही उम्मिदों कि रौशनी, हर नयें - नयें अवत्तारों मे!!
read more >>
सोबती मिळत नाही समीर लांडे
रात्रीच्या पावसात गवताची वाट, कुजलेली काही , काही घनदाट. आणि एकटाच प्रवासात, आणि फक्त प्रवास. एक सोवळे व्यक्ती, म्हणे स्वतः साठी लढ�
read more >>
« Previous
Next »
Showing
985
to
996
of
7097
results
‹
1
2
...
80
81
82
83
84
85
86
...
591
592
›
Join Us:
© 2026 |
Sahity Live
®
| All Right Reserved.
A product of
DishaLive™ Group
| Digital Partner:
MyDL.in Website Builder