मोती लाल साहु 15 Nov 2025 ग़ज़ल प्यार-महोब्बत #भक्ति_गज़ल #ईश्वर_समर्पण #गुरु_कृपा #जन_कल्याण #आध्यात्मिक_काव्य #मोती_की_रचना 13190 0 Hindi :: हिंदी
मिले हैं जो 'एहसास' में तुम, अहो भाग्य है मेरा। तुम्हारी 'कृपा' जो मुझ पे हुई, परम सौभाग्य है मेरा॥ ज़माने की दौलत से क्या, मुझे क्या है लेना? तुम्हारा ही 'आशीष' बस, सहारा है मेरा॥ ये जीवन का जो 'सफ़र' है, कटेगा उसी की रह पर। कि 'मंज़िल' पे हो करम ही तुम्हारा, यही आसरा है मेरा॥ ये 'मानव' का जो 'तन' मिला, ये तुम्हारी ही है मेहरबानी। ये 'आशीर्वाद' ही बस, है जीवन में नेमत ये मेरा॥ नहीं कोई चाहत, नहीं कोई हसरत, बस एक इल्तिजा है। कि दीदार से हो सवेरा, यही अब तो सपना है मेरा॥ 'मोती' कहे कि हर साँस में, जपता रहे तेरा नाम। यह 'जन-कल्याण' हो कर्म में, यही फ़र्ज़ प्यारा है मेरा॥ मोती