Poonam Mishra 25 Apr 2023 ग़ज़ल प्यार-महोब्बत तुमसे मिलने की चाहत कर बैठे 33443 0 Hindi :: हिंदी
मैं आज अपने छत से चांद को देखा ! आपसे मिलने की गुजारिश कर बैठी ! ए ?खुदा! न जाने मैं किस की सिफारिश कर बैठी ! कुछ इस तरह से दिन गुजर रहे हैं मेरे आजकल! लोग कहते हैं मैं दीवानी हो बैठी; कब तलक मैं कोशिश करूंगी तुम्हें भूल जाने की! चांद को देखकर मैं तुमसे मिलने की चाहत कर बैठी ! लेखिका पूनम मिश्रा