मारूफ आलम 30 Mar 2023 ग़ज़ल समाजिक #parvat#gajal#kisan shatri#kissan andolan 86660 0 Hindi :: हिंदी
शेर की तरह बुंलद दहाड़ कर दो तुम पर्वत के सीने को दो फाड़ करदो तुम तूफान तिनको की तरह उड़ाने आएंगे जमा दो पैर,खुद को पहाड़ करदो तुम जो पत्थर वो फेंकते हैं तुम्हारे सर पर खुद के लियें उन्ही से आड़ करदो तुम या तो बचालो अपने खेतों को किसानों या तो अपने खेतों को उजाड़ करदो तुम वाजिब हैं जो तुम्हारे वो दाम मांगों उनसे या फसलें जलाकर कबाड़ करदो तुम मारुफ आलम