Roobi sharma 30 Mar 2023 कहानियाँ समाजिक हमारे देश की हर एक बेटी को समान अधिकार मिलना चाहिए 80151 0 Hindi :: हिंदी
हमारे गांव मोहल्ले समाज और देश में हर जगह बेटियों के जन्म होने पर उन्हें देखकर आ जाता है उन्हें अपने बेटे के बराबर हक नहीं दिया जाता है एक गांव में एक गरीब के घर एक बेटी ने जन्म लिया डॉक्टर बोले बधाई हो आपके घर लक्ष्मी आई है इतना सुनकर उस बेटी की दादी में अपनी पोती को धिक्कारा और अपनी बहू को तरह तरह की गालियां देने लगे और अपनी पोती को लेने के लिए डॉक्टर को रुपए देने लगी डॉक्टर से बोली यह लो रुपए और तुम किसी से मत कहना कि मैंने इस बेटी को तालाब में बहा दिया उस बेटी की दादी ने अपने बेटे को कहा लो इस बोझ को और जाकर तालाब में बहा दो इतना सुनकर उस बेटी की मां आकर अपनी सासू मां के पैरों में गिर गई और बोली मां मेरी बेटी मुझे लौटा दो इस मासूम का क्या दोष है इस मासूम की क्या गलती है किसी भी तो दुनिया देखने दो यह कभी किसी पर बोझ नहीं बनेगी मां मैं अपनी बेटी की जिम्मेदारी निभा लूंगी आप भी तो किसी की बेटी हो और मैं भी हूं एक बेटी होकर भी आप इतना बड़ा पाप कर रही हो लेकिन उसकी सासू मां नहीं मानी और अपनी बहू को धक्का दिया और बेटी को ले जाकर तालाब में बहा दिया आज का माहौल देखकर मैं सब से यही कहना चाहूंगी कि अपनी बेटियों को पढ़ाई लिखाओ जिम्मेदार बनाओ और उनके लिए योग्य वर ढूंढो हमारे घर में हमारे परिवार समाज में जब किसी को लेडीस प्रॉब्लम होती है तो हम एक नर्स को ही क्यों ढूंढते हैं जब हम इस बात पर विचार नहीं करते तो हम अपनी बेटियों को तो चुप क्यों समझते हैं उन्हें वोझ क्यों समझते हैं उन्हें आगे क्यों नहीं बढ़ने देती अपने बेटे के बराबर का दर्जा क्यों नहीं देते बेटा बेटी एक समान सबको शिक्षा का ज्ञान क्या सिर्फ यह कहने के लिए नहीं इसे हकीकत में करके दिखाओ बेटी को पढ़ा लिखा कर डॉक्टर आईपीएस कुछ भी बनाओ हमारे भारत में जो दिन पर दिन क्राइम हो रहे हैं वह शायद कम हो जाए क्योंकि हर लड़की को चांद की तरह नहीं सूरज की तरह बनाओ ताकि वह अपनी सुरक्षा खुद कर सके घर में अभी और बाहर भी 🙏🙏