Anjani pandey (sahab) 30 Mar 2023 कविताएँ अन्य बेरोजगार युवक और नया साल 37411 0 Hindi :: हिंदी
बीतते हुए साल में
महामारी और रंजिशो के हाल में
रिश्तों की टूटती डोर को
आओ मजबूत करे इस नए साल में
आशाओं जिम्मेदारियों से भरा जीवन
कुछ बड़ा करना है इस साल में
यूं बीतने न देना इस साल को
एक संकल्प लो आज की साम
बेरोजगार नहीं रहना है हमें इस नए साल में..
(नववर्ष की हार्दिक बधाई और ढेर सारी शुभकामनाएं)
अंजनी पांडेय (साहब)