Anjani pandey (sahab) 30 Mar 2023 कविताएँ प्यार-महोब्बत Chandini raat 63308 0 Hindi :: हिंदी
"चांदनी रात"
रात प्यारी सुहानी सी
कुछ अच्छी कुछ डरावनी सी
चांद निकलने वाला है
अभी रात कहा हुई
अभी घर में उजाला है....
चलो तुम्हे घुमाने ले चलूं
रात का आलम दिखाने ले चलूं
पेड़ो पर पंछी बैठे है छिपकर
रात काली है, साम बंशी का स्वर...
मौसम है ठंड का
ओस की बूंदे पड़ने लगी है
मानो मोती गिरी हो जमीन पर
सजावट प्रकृति में बिखरने लगी है...
सुबह होने को आई
पंछी चहकने लगे
आशाओं की नई सुबह
लेकर सूर्य निकलने लगा है...
अंजनी पांडेय (साहब)