अंजली कुमारी 18 May 2024 कविताएँ देश-प्रेम मेरा हिंदुस्तान 42194 0 Hindi :: हिंदी
सभी धर्मो का जहां हो सम्मान, किसान करते जहां कर्मठता से काम। पगड़ी है उनकी पहचान, वही है मेरा हिंदुस्तान। यहां के बच्चे गाते शिक्षा का ज्ञान, जहां बेटी हो लक्ष्मी मां समान। जहां पत्नी हो सावित्री जैसी लाती प्राण , वही है मेरा हिंदुस्तान। जहां वीर करते देश के लिए स्वयं को बलिदान, जहां पंडित देते गरीबों को दान। जहां मात-पिता पढ़ाते बच्चे को दयालुता का ज्ञान, वही है मेरा हिंदुस्तान। जहां गंगा बहती सर्वदा मां सम्मान, जहां हो ताजमहल जैसी इमारतों का निर्माण। जहां करते हम उगते और डूबते सूर्य को प्रणाम, वही है मेरा हिंदुस्तान। जहां सत्यता पर है दीपों से पहचान, जहां गुलाल से होता शत्रुओं से भी मिलान। जहां जलता रावण जैसा पापी इंसान, वही है मेरा हिंदुस्तान।।