AAIDAN GOYAL 24 Feb 2025 कविताएँ अन्य Maa // मां #मोम डेड// तब घर याद आता है// हॉस्टल//स्कूल// 41934 0 Hindi :: हिंदी
तब घर याद आता है फोन पर बातें जब होती है माँ, तब मन में सारा दृश्य दिख जाता है तब घर बहुत याद आता है..... हॉस्टल में बिखरी पड़ी है ज़ंदगी, होटल - मेस का खाना सताता है तब घर बहुत याद आता है..... मिलता है इस शहर में मेरे गाँव का कोई, गाँव की सारी कहानी सुनाता है तब घर बहुत याद आता है.... आती है ढेर उलझने, परेशानियाँ, तब दिल खुद को अकेला पाता है तब घर.बहुत याद आता है.... भीड़ से भरे अलग है इस वीराने की काया, हर वक़्त शोर का सन्नाटा छाता है तब घर बहुत याद आता है..... गाड़ियों का घूँआ छाँव है ऊँची इमारतों की पंछियों का बसेरा पिंजरे में दिख जाता है तब घर बहुत याद आता है.... तब घर बहुत याद आता है.....