इस कदर ना तुम रूठा करो
ये हंसी चाँद सी ये पलके गुलाब सी
ये बदन पे चोटी साप सी.
फिर भी इतनी खास हो तुम.
रात की नींद हो तुम
दिन की छाँव हो त� read more >>
# जंगली फर ....
लो आया मैं लेकर ,
साथी तेरे लिए ,
थोड़ा थोड़ा सा ,
जंगल का प्यार ...!
गदराई , रसभरी
अपनी जवानी ,
लुटाने आई ये ,
गुच्छे गुच्छेदार read more >>