(मुक्तक छंद)
मौसम आया है जवाँ,मन की आँखें खोल।
तुम भी बन जा अब जवाँ,हद में रहकर बोल।
मधुर मधुर फिर सृजन कर,सबसे कर पहचान_
अपनी सरल पहचान � read more >>
(मुक्तक छंद)
मिलने तुम आओ कभी,पिला नयन का जाम।
सावन की मधु रात में, हो जा मेरे नाम।
तुम मेरी हो प्रिय गजल,और मनोहर खास_
बनकर सावन की घटा,ब� read more >>
स्वतंत्रता की खुशबू फैली है देश में,
१५ अगस्त का दिन आया है फिर से।
हर दिल में जगी है वीरता की आसा,
हर दिल में बसी है वतन की प्यास।
बढ़ च� read more >>
एक बार एक छोटे से गांव में एक फकीर रहता था। वह फकीर बड़ी मेहनती और सदभावना से भरा हुआ व्यक्ति था। उसके साथ एक तोता भी रहता था, जिसे वह बहु read more >>