Join Us:
दिशा-लाइव ग्रुप ने लॉन्च किया नया ब्रांड BizPry - लोकल से ग्लोबल तक 20 मई स्पेशल -इंटरनेट पर कविता कहानी और लेख लिखकर पैसे कमाएं - आपके लिए सबसे बढ़िया मौका साहित्य लाइव की वेबसाइट हुई और अधिक बेहतरीन और एडवांस साहित्य लाइव पर किसी भी तकनीकी सहयोग या अन्य समस्याओं के लिए सम्पर्क करें

उलझन-बहुत कुछ छूट जाता

Meena ahirwar 06 Jun 2023 शायरी दुःखद शायरी- उलझन # वस्विकता की झलक। 28358 0 Hindi :: हिंदी

बहुत कुछ पाया ,
तो बहुत कुछ छूट जाता । 

कुछ याद रहता , 
तो कुछ यादों से ही मिट जाता। 

क्या हो रहा ,
ख़ुद ही समझ नहीं आता। 

 कभी ख्वाबों को लेकर उलझे रहते, 
तो कभी हकीकत को ही समझ नहीं पाते। 

मीना अहिरवार, 
जिला- छतरपुर (म.प्र) ।

Comments & Reviews

Post a comment

Login to post a comment!

Related Articles

मेरे नजर के सामने तुम्हारे जैसे बहुत है यहीं एक तू ही हो , मोहब्बत करने के लिए यह जरूरी तो नहीं read more >>
मीठी-मीठी यादों को दिल मैं बसा लेना जब आऐ हमारी याद रोना मत हँस कर हमें अपने सपनों मैं बुला लेना read more >>
दोस्ती करो तो धोखा मत देना दोस्तों को आंसुओ का तोहफ़ा मत देना दिल से रोए कोई तुम्हे याद करके ऐसा किसी को मौका मत देना।। दोस्ती तो सिर� read more >>
Join Us: