मन के ख्वाब सुनहरे ...
अनायास उलझ - उलझ जाए रे ...!
विस्मृत बातें शूल बनकर ...
दिल में चुभ जाए रे ....!
टूटी हुई तार जीवन की....
फिर कहां राग सुना� read more >>
हर रोज़ करते, करता है हर एक।
नमस्कार, तेरे रूप अनेक।
तहज़ीब, तहेदिल से किया, कुंदन रूप है।
मतलब का माना जाता, जब दिन में रात, रात में धूप ह read more >>