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दूर जाना चाहता है-तो उसे छोड़ देना
कोई आपसे दूर जाना चाहता हो आपको छोड़ कर तो उसे छोड़ देना उसके पीछे भागोगे तो ज्यादा कष्ट आपको होगा उसका कुछ नहीं जाएगा धन्यव
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कर्मयुद्ध-अभी भी जान बाकी है,थोड़ी- सी फिर से रण भूमि में उतरेंगें
"कर्मयुद्ध" "अभी भी जान बाकी है,थोड़ी- सी फिर से रण भूमि में उतरेंगें, युद्ध का आगाज करेगें,ललकारेगें दुश्मन को लहू-लुहान करेंगे, बस इस
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हम तो अब समझने लगे हैं-अपना वक़्त किसी के लिए ऐसे मत गवाओं
हम तो अब समझने लगे हैं कि अपना वक़्त किसी के लिए ऐसे मत गवाओं जिसकी नजर में तुम्हारी कदर नहीं अपना वक़्त वहां दो जो आपको बहुत तो नहीं ,
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वो फूल ही क्या-जो अपनी खुशबु ना बिखेरे
वो फूल ही क्या जो अपनी खुशबु ना बिखेरे वो प्यार ही क्या जो अपनी मोहब्बत का इजहार ना कर सके धन्यवाद
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बूढ़ी औरत और एक लड़का
सुजीत जब स्कूल जाता तो उसे रास्ते में एक बूढ़ी औरत रोक लेती थी। एक लड़का जिसका नाम सुजीत था और उसकी आयु १४ वर्ष की थी।वह रोज अपने घर स�
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हमारी संरक्षक नाव-मै खुद भी जा उस पर बैठी
अन्जान नदी की नावेँंl ना जाने कहाँ से आये ll हिलते-डुलते पानी में चलता l मेरे मन को भाये ll अन्जान नदीँं ..... जो भी बैठा उस नावँं पर खुद से प�
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चांद-जिसको तका दूर से उम्र भर
आज आंखों में सपना अजीब आ गया, पास चल कर के मेरा नसीब आ गया, "चांद" ,जिसको तका दूर से उम्र भर उसको छूने का पल भी करीब आ गया. ✍️... उज्ज�
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गीत का मुखड़ा-रात बसंती चादर ओढ़े तारों के संग झिलमिल करती
रात बसंती चादर ओढ़े तारों के संग झिलमिल करती मैं बैठी यादों में तेरी रातों को पहरे देती। सुधा चौधरी बस्ती इसके आगे बाद में........ यदि क
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काबिलियत पर दृढ़ता है-तो निर्णय करो और डूब जाओ
"अपनी- काबिलियत पर दृढ़ता है, तो निर्णय करो और डूब जाओ" "डूबता- सूरज के बाद कल का, उगता सूरज में तुम डूब जाओ।।" -मोती
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तू प्रयोजन प्रकृति का-आत्मज्ञान परम कर्तव्य
"मानव तू- प्रयोजन प्रकृति का- प्रकृति में" "परम- आत्मज्ञान तेरा कर्तव्य प्रकृति में।।" -मोती
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भारत मांँ का तिरंगा-मामा के घर आया है
"भारत मांँ का तिरंगा प्यारा आया है,, "मामा घर- चंद्रयान तीन आया है,, "चंँदा मामा ने- पांव पखारा है दुनिया,, "का यह चांँद हमारा ननिहाल है�
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मेरा साथ निभाओ न-मन में सुकून और हृदय में अनुराग
विपिन वैभव सा अनुराग जगाते, मन के कुछ संताप दूर हो जाते, तिमिर में थोडा़ प्रकाश बहाते, ठहरे जज्बातों को किनारा तुम दे जाते�
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