न जाने दिल बार-बार क्यों ?
कह रहा है !यदि आज के दिन न
हम तुमसे बिछड़ गए !
तो शायद ही जिंदगी के !
किसी मोड़ पर ?
मेरी तुमसे मुलाकात हो ?
यदि मु� read more >>
मैं गोबर भी छू लेती हूं,
गईया भी धो लेती हूं,
मैं खेतों में,दिन भर काम करके,
धूप भी सह लेती हूं,
मैं किसान की बेटी हूं.....
इतनी मेहनत करके भ read more >>