वक्त की इस डोर पे कुछ सपनो को छोड़ दे
माना तु आज खुद से हारी हैं पर आज भी दुर्गा सी नारी है
मत हार मान तु इन मुश्किलों से
रख भरोसा तु थोरा अ read more >>
दिल की ये चाहत ना बस में मेरी,
दिन-ए-चैन बिन गुज़रे न रैन मेरी,
बता-ए-पवन इन सांसों में ख़ुशबू कैसी...
ये दिल में बसा एहसास है कैसी।।।।
-मो� read more >>