1) वक्त - वक्त की बात हैं ज़नाब !
जिनकी नजरें अक्सर ढूंढा करती थी मुझको,
अब वो नजरें फेर लिया करती हैं ।
2) आजकल आतंक की दीवारें ढाह रही हैं स� read more >>
कभी अधूरा हूँ तो कभी पूरा भी हूँ मै ,
कभी अगर सही हूँ तो कभी ग़लत भी हूँ मै
कभी अगर आँखो की पलक हूँ तो कभी उन्मे आते आँसू भी हूँ मै
कभी नफ़� read more >>
प्यार से भी पवित्र रिश्ता दोस्ती का होता है | प्यार धोखा दे सकता है ,छोड़कर जा सकता है लेकिन दोस्त साथ निभाने वाला हो तो दोस्ती उम्र भर नि� read more >>