आता हूँ तेरे द्वारे ,एक आस निहारे,
शरण में ले, ले अपने शरणागत प्यारे,
कर्म, अकर्म का ज्ञान नहीं,
उचित, अनुचित का ध्यान नहीं,
छल, कपट का पहच read more >>
ऩजर को लगी ऩजर, दिखाई देते पर दोष।
खुद को तो मानता, गुण-रत्न का कोष।
दूसरों की उघाड़कर, खुद की ढकने का होश।
दूर की जलती सूझे, घर में जले तो read more >>
मेरा गणित इतना खराब है कि
मेरा जीवन ही जोड़ घटाना में बीता जा रहा
जोड़े थे कभी हम भी उन चंद लोगों को
जो समय के साथ बदल से गए थे
अब उनको घ� read more >>
न मानी की, न ज्ञानी की, न ही भगतों की।
ये दुनिया है, नकटों की।
नकटों के नकटे दोस्त, नकटों की जमात बड़ी।
सारे नकटे एक से, नकटे से नकटे की नज़र � read more >>
देख तिरंगा बढ़े जुनून,देशहित में तर जाऊ
कफ़न ओढ़ मैं रहू हमेशा,देश के लिए मैं अड जाउ
हो संकल्प मेरे दिल मे, मैं अपने वतन पर मर जाउ
मैं लाख ग� read more >>